Mathura : श्री कृष्ण जन्मभूमि मुक्ति आंदोलन की नींव महाकुंभ में रखी गई, जिसमें भगवान राम की नगरी से महासंवाद की शुरुआत की जाएगी। यह आंदोलन पूरे देश में फैलाने की योजना है, जिसमें विधि विशेषज्ञों, संतों, और विचारकों की 51 सदस्यीय समिति तैयार की जा रही है। इस समिति में साधु-संत, सेवानिवृत्त जज, शिक्षाविद, और आर्कियोलॉजिकल सर्वे आफ इंडिया के सदस्य शामिल होंगे। महाकुंभ के बाद आंदोलन को काशी, मथुरा और बड़े शहरों तक फैलाया जाएगा, जिसका लक्ष्य पांच करोड़ लोगों को जोड़ने का है। हस्ताक्षर अभियान भी जारी है, जिसमें तीन करोड़ से अधिक लोगों ने भाग लिया है।