Harigadh : उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री माननीय योगी श्री आदित्यनाथ के आदेश अनुसार अलीगढ़ का नाम बदलकर हरिगढ़ रखा गया है जिसका असर नाम के साथ कारोबार पर वही पड़ा है रामनवमी (28 मार्च) को लेकर मूर्ति कारोबार में जबरदस्त तेजी देखने को मिल रही है। स्थानीय कारोबारियों ने प्रभु श्रीराम, राम-सीता-लक्ष्मण और राम दरबार की मूर्तियां देश के साथ-साथ विदेशों में भी भेजी हैं। खासतौर पर अयोध्या में स्थापित श्रीराम की मूर्ति से मिलती-जुलती प्रतिमाओं की मांग तेजी से बढ़ी है। कारोबारियों के अनुसार, इस समय पीतल की कीमत करीब 700 रुपये प्रति किलो है, जबकि तैयार मूर्तियां 1000 रुपये प्रति किलो तक बिक रही हैं। छोटी मूर्तियां 200 से 500 रुपये तक और बड़ी मूर्तियां 20 हजार रुपये से अधिक कीमत में उपलब्ध हैं। नवरात्र के दौरान मां दुर्गा की मूर्तियों की भी खूब बिक्री हुई, जिसकी सप्लाई देश के कई शहरों जैसे बेंगलुरू, चेन्नई और कोयंबटूर तक की गई। व्यापारियों का कहना है कि रामनवमी के ऑर्डर पूरे होने के बाद अब वे कृष्ण जन्माष्टमी के लिए लड्डू गोपाल और राधा-कृष्ण की मूर्तियां बनाने में जुट जाएंगे। धार्मिक माहौल के चलते इस बार मूर्ति उद्योग को अच्छा बढ़ावा मिला है।